Uncategorized

कोटा विधानसभा सीट से कांग्रेस पार्टी में तैयार हो रही दावेदारों की फौज।

वाल पेंटिग करवा कार्यकर्ता कर रहे दावेदारी पेश।

करगीरोड-कोटा:-2023-का कोटा विधानसभा चुनाव सत्ताधारी-दल कांग्रेस व बीजेपी के स्थानिय-दावेदारों की और लंबी फेहरिस्त है बीजेपी ने 2013-व-2018 के विधानसभा चुनाव में स्थानिय-उम्मीदवार को प्राथमिकता दिया था, कांग्रेस से स्थानिय-उम्मीदवार को अब तक मौका नही मिला..वैसे भी कांग्रेस पार्टी का उम्मीदवार तब तक उम्मीदवार नही कहलाता जब तक उसके नाम से बीफार्म जारी न हो जाए कांग्रेस से जोगी कांग्रेस में शामिल होकर 2018 के कोटा-विधानसभा चुनाव में विजयी हुई डॉ. रेणु जोगी वर्तमान में विधायक है कांग्रेस-पार्टी की स्थानिय उम्मीदवारो में जहा पर कोटा-विधानसभा के चारो तरफ दीवारों पर की गई वाल-पेंटिंग के आधार पर संभावना जताई जा रही है कुछ जगह के दीवारों पर तो कांग्रेस के कॉन्फिडेंट-दावेदारों ने अपने आप को अभी से प्रत्याशी भी घोषित कर दिया है..वही पर कांग्रेस पार्टी के कुछ नए पुराने-वरिष्ठ कद्दावर-दबंग नेता जो कि कोटा-विधानसभा के दावेदार तो है..पर वो दीवारों पर वाल पेंटिंग पर दिखाई नही दे रहे हैं..आशंका यहा तक व्यक्त की जा रही है..की जो दीवारों पर नाम दिखाई दे रहे हैं..वो कहि दीवार तक ही सीमित होकर न रह जाए और जो दीवारों के बाहर दावेदार है उनकी कहि लॉटरी न निकल जाए हाल ही में बिलासपुर संभागीय-कार्यकर्ता सम्मेलन में प्रदेश के मुख्यमंत्री ने जिस तरह के संकेत दिए उससे तो यही प्रतीत होता है। प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा ने भी सभी कार्यकर्ताओं को गुटबाजी से बचने के लिए कहा था कि पार्टी में दावेदारी का सभी को हक है पर टिकट का नहीं।

छत्तीसगढ़ विधान सभा चुनाव की तारीखों का ऐलान अभी तक ना हुआ हो पर आगामी विधान सभा चुनाव के मद्देनजर कोटा विधान सभा में कांग्रेस से दावेदारों ने अपना दम भरना शुरू कर दिया है। अब नेता वाल पेंट के माध्यम से अपना अपना पक्ष मजबूत कर रहे है । क्षेत्र के एक नेता तो छाता और टार्च भी बंटवा कर जनता के बीच अपनी पैठ मजबूत करने में लगे है । कोटा विधान सभा से दावेदारों की लंबी फेरहिस्त है ।

जहां एक ओर वर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष अरुणसिंह चौहान कोटा क्षेत्र का प्रतिनिधत्व करते है। कांग्रेस पार्टी उनको कोटा विधान से चेहरा बना सकती है।वही स्थानीय दावेदारों में वर्तमान ब्लाक कांग्रेस अध्यक्ष आदित्य दीक्षित,पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष अरुण त्रिवेदी भी अपनी दावेदारी दौड़ में चल रहे है । वही पूर्व नगर कांग्रेस अध्यक्ष वर्तवान अग्रहरी समाज के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संतोष गुप्ता भी अग्रहरी समाज को कोटा विधानसभा से समाज को प्रतिनिधित्व देने की मांग कर रहे है । कोटा विधान सभा कांग्रेस के वर्तमान मंडी अध्यक्ष भी पीछे नहीं है । लगातार क्षेत्र का दौरा कर अपनी पेश कर रहे है।
कोटा विधान सभा सीट शुरू से ही हाई प्रोफाइल सीट रही है। आजादी के बाद से ही इस सीट पर कांग्रेसियों का कब्जा रहा है। परन्तु 2018 के हुए चुनाव में छत्तीसगढ़ जनता कांग्रेस जे ने कांग्रेस से इस सीट को छीन लिया ।बहरहाल देखना यह होगा कि आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस कोटा का किला फतह कर पाती है या फिर पुन पार्टी को हार का सामना करना पड़ेगा।