वैक्सीन लगने के बाद बच्चों की मौत के बाद पांच सदस्यीय जांच टीम कोटा पहुंची।
सरकार और स्वास्थ विभाग पर लगाए कई गंभीर आरोप।

करगी रोड कोटा। कोटा एवम आसपास के क्षेत्रों ने बच्चों की मौत का सिलसिला थमता नहीं दिख रहा है। पहले बेलगहना एवम टेंगनमाडा एक बाद एक स्वास्थ विभाग की लापरवाही से बच्चों की मौत की खबरें आ रही है। विदित हो पिछले दिनों कोटा के कोरीपारा में वैक्सीन लगने के बाद दो बच्चों की मौत हो गई थी। और वैक्सीन लगाने के बाद हुई मौत का कारण अभी अज्ञात है । परंतु अब विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने अब इसे मुद्दा बना लिया है और अब यह मामला तूल पकड़ता दिख रहा है।
कांग्रेस पार्टी ने इस गंभीर लापरवाही के लिए राज्य की भाजपा सरकार को कटघरे में रख दिया है। कांग्रेस पार्टी की तरफ से पांच सदस्यीय टीम इसकी जांच कर रही है । जिसमे कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव , मस्तूरी विधायक दिलीप लहरिया, पूर्व विधायक शैलेश पाण्डेय, जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष विजय केशवानी शामिल है। इसी घटना के संबंध में पांच सदस्यीय टीम कोटा जांच करने आई थी। कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव ने सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए । सरकार स्वास्थ अमला पूरी तरह फेल हो चुका है । कोटा एवम आस पास क्षेत्र में पिछले दिनों कई मौतें हुई । पर सरकार किसी पर भी जिम्मेदारी नहीं कर पाई । सरकार को कोटा क्षेत्र में हुई मौतों के बाद भी कोई कठोर कार्यवाही नहीं हुई । पी सी कोटा बी एम ओ द्वारा की जा रही लापरवाही के भी आरोप लगाए गए।

उन्होंने आगे कहा की हमने बिलासपुर कोनी में एक बड़े अस्पताल की नींव रखी परंतु अब भाजपा की सरकार यह तय नही कर पा रही वहां डाक्टर कौन होगा । इससे अंदाजा लगाया जा सकता है की सरकार स्वास्थ के लिए कितनी संजीदा है। उन्होंने कहा की। कहीं ना कहीं वैक्सीन को सही टेंपरेचर ने ना होने के कारण भी मौत होने की संभावना व्यक्त की । परंतु सबसे बड़ा सवाल यह उठता हैं आखिर कब कोटा क्षेत्र में हो रही मौतों के लिए जिम्मेदारी कब तय की जाएगी और कब तक इन मासूमों को मौत की जांच कब तक हो पाएगी। ओर जब पीड़ित परिवारों को न्याय मिल पाएगा।